रामगढ़ पचवारा एसडीएम के औचक निरीक्षण में खुली पोल, गंदगी, बदबू और कमजोर शैक्षणिक स्तर पर प्रधानाचार्य को नोटिस, तीन दिन में मांगा स्पष्टीकरण

लालसोट. रामगढ पचवारा उपखण्ड अधिकारी गणराज बडगोती ने मंगलवार को राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय, गांगल्यावास का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान विद्यालय में भारी लापरवाही, गंदगी और शैक्षणिक स्तर में गंभीर गिरावट पाई गई, जिस पर एसडीएम ने कड़ा रुख अपनाते हुए प्रधानाचार्य को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। निरीक्षण के दौरान विद्यालय के शौचालयों से अत्यधिक दुर्गंध आ रही थी, जिससे स्पष्ट हुआ कि वहां नियमित साफ-सफाई और रख-रखाव बिल्कुल नहीं किया जा रहा है, इसके अलावा संपूर्ण विद्यालय परिसर में स्वच्छता व्यवस्था अत्यंत असंतोषजनक पाई गई, जो विद्यार्थियों के स्वास्थ्य और राज्य सरकार के स्वच्छ विद्यालय अभियान की मंशा के विपरीत है। निरीक्षण में एसडीएम ने जब विद्यार्थियों से सामान्य शैक्षणिक प्रश्न पूछे, तो बच्चे संतोषजनक उत्तर नहीं दे पाए, इसके अलावा विभागीय निर्देशों के अनुसार गत वर्ष की तुलना में इस वर्ष 10 प्रतिशत अधिक नामांकन का लक्ष्य निर्धारित था, लेकिन विद्यालय में छात्र-छात्राओं की संख्या बढऩे के बजाय घट गई। उपखण्ड अधिकारी गणराज बडगोती ने इस स्थिति को बेहद गंभीर मानते हुए प्रधानाचार्य को निर्देश दिए हैं कि वे 3 दिवस के भीतर व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होकर अपना लिखित स्पष्टीकरण प्रस्तुत करें। इसके साथ ही, विद्यालय में स्वच्छता व्यवस्था और शिक्षण गुणवत्ता में तत्काल सुधार करते हुए पालना रिपोर्ट प्रस्तुत करने के आदेश दिए गए हैं एवं तय समय सीमा में जवाब न देने या सुधार न होने पर नियमानुसार कड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई की चेतावनी भी दी है। इसके अलावा, मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी रामगढ़ पचवारा को भी एक सप्ताह में आवश्यक सुधारात्मक कार्रवाई सुनिश्चित कर रिपोर्ट भिजवाने के निर्देश दिए गए हैं।
