लालसोट में अनुराग सेवा संस्थान के तत्वावधान में दो पितृ विहिन बेटियों का विवाह हुआ सम्पन्न, सर्व समाज ने दिया आशीर्वाद, मात्र 1 रुपए में हुआ विवाह, जैन नसियां में गूंजी शहनाइयां, विदाई के समय हर आंख हुई नम।

लालसोट. स्थानीय सामाजिक संस्था अनुराग सेवा संस्थान द्वारा अपनी स्थापना के 31 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में आयोजित विभिन्न कार्यक्रमों की कार्यक्रमों की शृंखला में एक अनूठी और अनुकरणीय मिसाल पेश की गई है। गंगा दशमी के पावन पर्व पर शहर के दिगम्बर जैन नसियां जी परिसर में मात्र एक-एक रुपए के प्रतीकात्मक खर्च पर दो ऐसी बेटियों का विवाह पूरे विधि-विधान से संपन्न कराया गया, जिनके सिर पर माता-पिता और भाई का साया नहीं था। इस पुनीत कार्य में सर्व समाज ने बढ़-चढकऱ भाग लेकर सामाजिक समरसता का अनूठा उदाहरण पेश किया। समारोह के तहत सालिगरामपुरा निवासी स्वर्गीय तारा चंद की पुत्री निकिता एवं डिगो निवासी बृजमोहन की पुत्री आयुषी का विवाह क्रमश: ज्योति प्रकाश एवं विकास के साथ संपन्न हुआ। सुबह सवा नौ बजे विनायक एवं मंडप स्थापना के साथ मांगलिक कार्यक्रम शुरू हुए। दोपहर 3 बजे परशुराम मंदिर से गाजे-बाजे के साथ बारात रवाना हुई, जिसका संस्थान के सदस्यों और गणमान्य नागरिकों ने भावभीना स्वागत किया। कड़ी धूप के बावजूद बाराती नाचते-गाते नसियां जी पहुंचे, जहां उन्हें मंगल तिलक लगाकर और गुलाब के फूल भेंट कर अगवानी की गई। सवा चार बजे वरमाला के बाद आचार्य सत्यनारायण कोलीवाड़ा के सानिध्य में वैदिक मंत्रोच्चार के बीच पाणिग्रहण संस्कार संपन्न हुआ।(नि.प्र.)
नवदम्पत्तियों को आशीर्वाद के साथ बांटे गए 101 तुलसी के पौधें
आशीर्वाद समारोह में पर्णकुटी महाराज मदन मोहन दास जी महाराज ने नवविवाहित जोड़ों को सुखी दाम्पत्य जीवन का आशीर्वाद दिया। इस अवसर पर पर्यावरण संरक्षण का संदेश देते हुए 101 तुलसी के पौधों का भी वितरण किया गया। समाज के विभिन्न वर्गों, भामाशाहों और जनप्रतिनिधियों ने वर-वधू को आशीर्वाद दिया। शाम को विदाई के समय माहौल बेहद भावुक हो गया एवं मौजूद लोगों की आंखें नम हो गई।
भामाशाहों ने दिल खोलकर बरसाया उपहारों का स्नेह
दोनों बेटियों की गृहस्थी बसाने के लिए अनुराग सेवा संस्थान सहित क्षेत्र के तमाम भामाशाहों ने दिल खोलकर उपहार भेंट किए। उपहारों में मुख्य रूप से सोने की कान-नाक की बाली, चांदी की पायजेब और चिटकी, फ्रीज, एलईडी, डबल बेड; इसके अलावा कूलर, सिलाई मशीन, मिक्सी, छत के पंखे, प्रेस, ओवन, ड्रेसिंग टेबल,गद्दे, कंबल, बेडशीट, दो-दो प्लास्टिक कुर्सियां, सेंटर टेबल, गैस चूल्हा, कुकर, रसोई के बर्तन, केसरोल, कैंपर, वॉटर बोतल, लंच बॉक्स, ग्लास सेट, लोहे के छोटे बक्से,चौकी, दुल्हन की विदाई की साडयि़ां, दूल्हों के लिए सफारी सूट, ट्राली बैग, रिस्ट वाच और पानी की टंकी शामिल रहे।
समारोह में ये रहे उपस्थित
इस भव्य आयोजन को सफल बनाने में संस्थान की संरक्षा अंजना मेनपाल त्यागी, अध्यक्ष अंशुल सोनी, सचिव श्याम सुन्दर शर्मा, उपसचिव अजय हट्टीका, विवाह समन्वयक राजेन्द्र डोब, संस्थापक संयोजक सियाराम शर्मा, सुनील पंचोली, दीपक सुकार, अविनाश रिवाली, अनुराग तिवाड़ी, पूर्व पार्षद चिराग जोशी, लक्ष्मी नारायण भारद्वाज, निर्मला पारीक, डॉ. संजीव अंजीव रावत सहित सैकड़ों की संख्या में शहर के प्रबुद्ध नागरिक और मातृशक्ति उपस्थित रही।
